अस्वीकृति चाहे दूसरों के द्वारा हो या अपने किसी मित्र के द्वारा, चाहे परिवार के द्वारा हो या अपने किसी प्रेमी के द्वारा, किसी भी स्थिति में और किसी भी व्यक्ति के द्वारा अस्वीकृति दुखमय ही होती है |
वैसे तो व्यक्ति को जीवन में समाज से अनेक प्रकार की अस्वीकृतियाँ सहनी पड़ती हैं लेकिन जीवन के कुछ विशेष व्यक्तियों के द्वारा की गई अस्वीकृति, व्यक्ति को अधिक प्रभावित करती हैं |
जीवन से धन का चले जाना , पद-प्रतिष्ठा का चले जाना या किसी अन्य वस्तु का चले जाना इतना दुखदायी नहीं होता जितना व्यक्ति की किसी अन्य व्यक्ति के द्वारा अस्वीकृति से होता है |
सामाजिक अस्वीकृति से व्यक्ति को दुख ही पहुँचता है लेकिन कभी-कभी यह व्यक्ति को उसके लक्ष्यों तक पहुँचाने में भी मदद कर सकती है | जैसे कि जब व्यक्ति को सामाजिक अस्वीकृति मिलती है तो उसे लगता है कि कहीं ना कहीं उसके अंदर कुछ कमी थी, जिसके कारण उसे अस्वीकार किया गया | यदि यह बात व्यक्ति के मन में आ रही है तो यह उसके लिए एक मौका हो सकता है अपने आप को सुधारने का और अब वह अपने को पहले से बेहतर बना सकता है |
दूसरी बात यह कि सामाजिक अस्वीकृती से व्यक्ति को अपनी गलतियों का पता चलता है जिनके कारण उनको स्वीकार नहीं किया गया | अब व्यक्ति अपनी इन गलतियों को भविष्य में नहीं दोहराएगा, इसके अलावा वह अपने अंदर उन क्षमताओं को विकसित करेगा जो उसके लिए अनिवार्य है |
इस प्रकार यदि सामाजिक अस्वीकृति व्यक्ति को दुख देती हैं तो कहीं ना कहीं उसे एक मौका भी देती हैं अपने आप को फिर से तैयार करने का जिससे वह अपनी पिछली गलतियों को सुधार कर जीवन में आगे बढ़े और अपने लक्ष्यों को प्राप्त करें |
जीवन को यदि सही ढंग से देखा और समझा जाए तो कोई भी अस्वीकृति ऐसी नहीं हैं जो इन्सान को हरा सके| जरूरत है तो केवल साहसिक होकर अपने आप को बदलने की | और यदि आप ऐसा करने में सफल हो जाते हैं तो जहाँ से आपको अस्वीकृति मिली है ,वही पर आपका स्वागत होगा |
Photo Credits: https://www.dreamstime.com/Panya-Kuanun